तहलका न्यूज 24 संवाददाता काजल राय चौधरी चित्तरंजन। चित्तरंजन रेल नगरी में एरिक लकड़ा हत्याकांड को लेकर जनाक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। घटना के 36 दिन बीत जाने के बावजूद आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने से स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी देखी जा रही है। इसी के विरोध में शहर के विभिन्न सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों ने मंगलवार शाम 6 बजे चित्तरंजन थाना के समक्ष मशाल जुलूस निकाला और पूरी रात जागरण कार्यक्रम आयोजित किया।प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि जब तक हत्यारों को गिरफ्तार कर न्याय नहीं दिलाया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। लोगों का कहना है कि यह केवल एक व्यक्ति की हत्या नहीं, बल्कि पूरे समाज की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से ठोस और त्वरित कार्रवाई की मांग की, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।इस आंदोलन में राजनीतिक दलों, सामाजिक संस्थाओं और आम नागरिकों ने एकजुटता दिखाई। जाति और दल से ऊपर उठकर बड़ी संख्या में लोग इस न्याय की लड़ाई में शामिल हुए। प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने भी सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए और लोगों से शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने की अपील की।इस बीच बाराबानी के विधायक विधान उपाध्याय ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर एरिक लकड़ा को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच के लिए सीआईडी जांच की मांग उठाई और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा, यहां तक कि फांसी देने की बात कही।आंदोलन में शामिल सामाजिक कार्यकर्ता इंद्रजीत सिंह ने कहा कि जब तक पीड़ित परिवार को न्याय नहीं मिलता, तब तक यह संघर्ष जारी रहेगा। लोगों ने प्रशासन से जल्द कार्रवाई की उम्मीद जताई है।
एरिक लकड़ा हत्याकांड पर रोष: 36 दिन बाद भी गिरफ्तारी नहीं, चित्तरंजन में मशाल जुलूस और रातभर जागरण
