न्यूज 61 लाइव संवाददाता काजल राय चौधरी 28 जून 2026 चित्तरंजन। रेलनगरी चित्तरंजन के श्रीलता ग्राउंड में रविवार को आयोजित यश एकेडमी महिला मैराथन-2026 उत्साह, आत्मविश्वास और महिला सशक्तिकरण का प्रेरक उदाहरण बनकर सामने आई। चार किलोमीटर लंबी इस निःशुल्क मैराथन में 37 बालिकाओं ने पूरे जोश और खेल भावना के साथ भाग लिया। दौड़ का उद्देश्य केवल प्रतियोगिता कराना नहीं, बल्कि युवतियों में फिटनेस के प्रति जागरूकता बढ़ाना और उन्हें अपने सपनों को हासिल करने के लिए प्रेरित करना था।इस आयोजन का नेतृत्व यश एकेडमी के संस्थापक यश कुमार ने किया। उन्होंने बताया कि यह कार्यक्रम उनकी अकादमी की चयनित अभ्यर्थियों के सम्मान के साथ-साथ उन युवाओं का मनोबल बढ़ाने के लिए आयोजित किया गया है, जो सरकारी सेवाओं में जाने का सपना देख रहे हैं। उन्होंने कहा कि नियमित अभ्यास, अनुशासन और सकारात्मक सोच ही सफलता की असली कुंजी है।यश कुमार पिछले छह वर्षों से युवाओं को सरकारी नौकरियों की शारीरिक दक्षता परीक्षाओं की निःशुल्क तैयारी करा रहे हैं। उनकी मेहनत का परिणाम है कि अब तक 400 से अधिक अभ्यर्थी विभिन्न सरकारी विभागों और संस्थानों में चयनित होकर अपनी पहचान बना चुके हैं। उन्होंने उपस्थित युवाओं से नशे जैसी बुराइयों से दूर रहने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश भी दिया।प्रतियोगिता में अदिति रजक ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पहला स्थान हासिल किया। उन्हें पुरस्कार स्वरूप लगभग 18 हजार रुपये मूल्य का स्मार्टफोन भेंट किया गया। दूसरे स्थान पर रहीं काजल कुमारी को साइकिल देकर सम्मानित किया गया, जबकि तीसरा स्थान प्राप्त करने वाली आशिका हांसदा को सूटकेस प्रदान किया गया। चौथे और पांचवें स्थान पर रहने वाली प्रीति और सुप्रिया को रनरअप ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया। इसके अलावा सभी प्रतिभागियों को सहभागिता पदक देकर उनके प्रयासों की सराहना की गई।कार्यक्रम में मौजूद पूर्व बीएसएफ जवान चिरंजीत मोदक ने यश कुमार की पहल की सराहना करते हुए कहा कि उनकी प्रशिक्षण पद्धति युवाओं में आत्मविश्वास पैदा करती है और उन्हें सफलता के लिए तैयार करती है। वहीं स्थानीय लोगों ने भी इस आयोजन को चित्तरंजन के लिए गौरव का विषय बताया। उनका कहना था कि निःशुल्क और गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण के कारण क्षेत्र के अनेक युवा अपने सपनों को साकार कर रहे हैं। यह मैराथन केवल एक खेल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि युवाओं को बेहतर भविष्य की दिशा में आगे बढ़ाने वाला प्रेरणादायक अभियान साबित हुई।
चित्तरंजन में महिला मैराथन ने भरी नई उड़ान, बेटियों के हौसले को मिला सम्मान और सफलता का मंच
