न्यूज 61 लाइव संवाददाता काजल मित्रा 7 अगस्त सालानपुर। मैथन डैम के जलाशय में प्रस्तावित फ्लोटिंग सोलर पावर परियोजना को लेकर एक बार फिर विरोध तेज हो गया है। हाल ही में बातचीत के जरिए समाधान निकलने की उम्मीद जताई जा रही थी, लेकिन शुक्रवार को ग्रामीणों की बैठक के बाद यह संभावना लगभग खत्म होती नजर आई। प्रभावित गांवों के लोगों ने परियोजना का खुलकर विरोध करते हुए डीवीसी की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए और आंदोलन को और व्यापक बनाने का ऐलान किया।शुक्रवार को कालीपाथर ईदगाह मैदान में दामोदर वैली बास्तुहारा संघर्ष समिति के बैनर तले बैठक आयोजित की गई। इसमें बाथानबाड़ी, कालीपाथर, डोमडोहा, वृंदावनी, सिधाबाड़ी, गोगना, कालीपहाड़ी तथा झारखंड के जामताड़ा जिले के लादना क्षेत्र से आए कई ग्रामीण शामिल हुए। बैठक में सभी ने एकमत होकर फ्लोटिंग सोलर परियोजना और डीवीसी द्वारा हाल में आयोजित बैठक पर आपत्ति जताई।ग्रामीणों का आरोप है कि डीवीसी कुछ चुनिंदा लोगों के साथ बातचीत कर पूरे विस्थापित समुदाय की राय को नजरअंदाज कर रही है। उनका कहना है कि हजारों प्रभावित परिवारों के भविष्य से जुड़े मुद्दे पर सभी गांवों के लोगों से सीधे संवाद होना चाहिए, न कि केवल सीमित लोगों के साथ बैठक कर निर्णय लिया जाए।बैठक में झारखंड से पहुंचे लोगों ने भी डीवीसी की नीति पर सवाल उठाए। उनका कहना था कि यदि परियोजना डैम से लगभग तीन किलोमीटर दूर जलाशय में स्थापित की जानी है और उसका हिस्सा झारखंड की सीमा तक पहुंचता है, तो वहां के विस्थापित परिवारों की राय को भी समान महत्व मिलना चाहिए। ग्रामीणों ने इस मामले में दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाया।सभा के दौरान लोगों ने साफ चेतावनी दी कि जब तक उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया जाता, तब तक परियोजना से जुड़ा कोई भी निर्माण कार्य या सामग्री क्षेत्र में प्रवेश नहीं करने दी जाएगी। संघर्ष समिति ने घोषणा की कि आगामी रविवार को आसपास के पश्चिम बंगाल और झारखंड के हजारों विस्थापित परिवार सिधाबाड़ी में एकजुट होकर फ्लोटिंग सोलर परियोजना के विरोध में विशाल आंदोलन करेंगे। ग्रामीणों का कहना है कि उनकी सहमति के बिना परियोजना को आगे बढ़ाने का हर प्रयास लोकतांत्रिक तरीके से रोका जाएगा।
मैथन में फ्लोटिंग सोलर परियोजना का बढ़ा विरोध: डीवीसी के खिलाफ ग्रामीणों का मोर्चा, बड़े आंदोलन की चेतावनी
