न्यूज 61 लाइव संवाददाता काजल राय चौधरी 27 अगस्त जामताड़ा। भर्ती व्यवस्था में सुधार और युवाओं के भविष्य से जुड़े मुद्दों को लेकर देवेंद्रनाथ महतो की यात्रा गुरुवार को जामताड़ा पहुंची। हाथों में संविधान की प्रति और तिरंगा लेकर निकले महतो ने यात्रा के चौथे दिन सातवें जिले के रूप में पसोई चौक से इंदिरा चौक तक पैदल मार्च किया। इस दौरान छात्रों और युवाओं ने उनका समर्थन किया।इंदिरा चौक पर आयोजित सभा में महतो ने कहा कि सरकारी नौकरियों की भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता जरूरी है। उन्होंने कथित अनियमितताओं और नौकरी के नाम पर दलाली के खिलाफ आंदोलन जारी रखने की बात कही। उन्होंने अभय तिवारी पर गंभीर आरोप लगाते हुए उन्हें नौकरी में दलाली से जोड़कर निशाना साधा। भाषण के दौरान उन्होंने उनके खिलाफ आपत्तिजनक एवं हिंसक शब्दों का भी इस्तेमाल किया और कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी।महतो ने दावा किया कि छात्रों के आंदोलन के दबाव में सरकार को 24 परीक्षाएं रद्द करनी पड़ी हैं। उनके अनुसार, 17 परीक्षाओं की जांच चल रही है, जबकि छह परीक्षाओं पर रोक लगाई गई है। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी का सीधा असर उन युवाओं पर पड़ता है, जो वर्षों तक मेहनत कर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं।उन्होंने झारखंड के युवाओं के लिए रोजगार में प्राथमिकता और भर्ती प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता की मांग उठाई। कहा कि यह लड़ाई सिर्फ छात्रों की नहीं, बल्कि उन माता-पिता की भी है, जो अपने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए वर्षों तक संघर्ष करते हैं।महतो ने चेतावनी दी कि 24 जिलों की यात्रा पूरी होने के बाद आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। जरूरत पड़ने पर अनिश्चितकालीन बंद का रास्ता भी अपनाया जाएगा। जामताड़ा में कार्यक्रम समाप्त करने के बाद वे दुमका के लिए रवाना हो गए।
संविधान और तिरंगे के साथ जामताड़ा पहुंचे देवेंद्रनाथ महतो, भर्ती में पारदर्शिता की मांग पर आंदोलन का ऐलान

