न्यूज 61 लाइव संवाददाता काजल मित्रा 2 अक्टूबर आसनसोल। जमीन के स्वामित्व को लेकर ईसीएल और निजी पक्ष के बीच चल रहे विवाद के बीच आसनसोल में उस समय तनावपूर्ण स्थिति बन गई, जब ईसीएल की टीम जमीन की नापी करने पहुंची। नापी की सूचना मिलते ही स्थानीय दुकानदारों और लोगों में अपनी दुकानों पर कार्रवाई की आशंका को लेकर चिंता बढ़ गई। कई महिला दुकानदार दस्तावेज लेकर मौके पर पहुंचीं और विरोध जताया।स्थानीय महिलाओं की ओर से विरोध का नेतृत्व कर रहीं ललिता देवी ने कहा कि उनका परिवार इसी स्थान से रोजी-रोटी चलाता है। उनका कहना था कि अचानक जमीन को अवैध बताकर हटाने की बात से दुकानदारों के सामने आजीविका का संकट पैदा हो गया है। उन्होंने प्रशासन से मामले को स्पष्ट करने की मांग की।वहीं, रिकॉर्डेड मालिक संजय नोनिया की ओर से अधिवक्ता अविनाश कुमार मिश्र ने जमीन के निजी स्वामित्व का दावा किया। उन्होंने बताया कि संबंधित संपत्ति के रिकॉर्ड में संजय नोनिया का नाम दर्ज है और उक्त परिसर में उनका कार्यालय तथा पेट्रोल पंप संचालित है।अधिवक्ता के अनुसार प्लॉट संख्या 1022 और 1023 को लेकर ईसीएल और निजी पक्ष के बीच रिकॉर्ड संबंधी विवाद है। इसी स्थिति को स्पष्ट करने के लिए ईसीएल की ओर से जमीन की नापी कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि नापी को किसी तरह की बेदखली या तोड़फोड़ की कार्रवाई के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।उन्होंने यह भी बताया कि जमीन से संबंधित मामला न्यायालय में विचाराधीन है और 15 जनवरी 2027 तक स्टे ऑर्डर होने का दावा किया गया है। उनके अनुसार आदेश की प्रति संबंधित विभाग को पहले ही उपलब्ध करा दी गई है। अदालत के निर्देश के बिना किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं की जाएगी।ईसीएल की टीम नापी के बाद अपनी रिपोर्ट संबंधित अधिकारियों को सौंपेगी। इसके आधार पर रिकॉर्ड का मिलान और आगे की कानूनी प्रक्रिया तय होने की बात कही गई। फिलहाल मौके पर नापी को लेकर ही कार्रवाई होने की जानकारी दी गई है।
ECL की नापी पर गरमाया जमीन विवाद, दुकानदारों ने जताई उजड़ने की आशंका; वकील ने कहा- फिलहाल नहीं होगी कार्रवाई

