न्यूज 61 लाइव संवाददाता काजल मित्रा 27 अगस्त आसनसोल। महिला एवं बाल सुरक्षा के साथ लोगों को उनके कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से पश्चिम बर्दवान जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से गुरुवार को अनूठी पहल की गई। आसनसोल के बीएनआर मोड़ स्थित रवींद्र भवन के सामने नुक्कड़ नाटक का आयोजन कर आम लोगों को सामाजिक कुरीतियों और महिलाओं व बच्चों के खिलाफ होने वाले अपराधों के प्रति सचेत किया गया।बताया गया कि 26 अगस्त को ‘महिला समानता दिवस’ था। अवकाश होने के कारण जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से इसके अगले दिन यह जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। नुक्कड़ नाटक के माध्यम से दहेज प्रथा, बाल विवाह और बेटियों को शिक्षा से वंचित रखने जैसी सामाजिक बुराइयों को प्रमुखता से उठाया गया।कार्यक्रम के दौरान कलाकारों ने नाटकीय प्रस्तुति के जरिए बताया कि महिलाओं और बच्चों के अधिकारों का संरक्षण समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। साथ ही लोगों को कानून की जानकारी रखने और किसी भी प्रकार के अत्याचार के खिलाफ आवाज उठाने का संदेश दिया गया।जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के एक अधिकारी ने कहा कि संविधान प्रत्येक नागरिक को समान अधिकार और अवसर प्रदान करता है। महिला हो या पुरुष तथा किसी भी धर्म से संबंधित व्यक्ति, सभी को सम्मान के साथ जीवन जीने और समान अवसर पाने का अधिकार है। इसी संवैधानिक भावना को समाज के हर वर्ग तक पहुंचाना कार्यक्रम का उद्देश्य है।कार्यक्रम में जिला जज, आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट के पुलिस आयुक्त, डीसी सेंट्रल सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। पैरालीगल वालंटियर्स (PLV) और एक स्वयंसेवी संस्था के बच्चों ने नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया। सड़क से गुजर रहे लोगों ने भी रुककर प्रस्तुति देखी और जागरूकता अभियान का हिस्सा बने।आयोजकों के अनुसार, कानूनी जानकारी को सरल और प्रभावी तरीके से आम जनता तक पहुंचाने के लिए भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम जारी रखे जाएंगे।
सड़क पर नाटक के जरिए महिला सुरक्षा का संदेश, कानून के प्रति जागरूक हुए आसनसोलवासी

