न्यूज 61 लाइव संवाददाता काजल राय चौधरी 2 जून 2026 मिहिजाम (जामताड़ा)। साइबर अपराधियों ने एक बार फिर अपनी सक्रियता का परिचय देते हुए मिहिजाम नगर परिषद के एक जनप्रतिनिधि एवं एक नागरिक के व्हाट्सएप खातों को निशाना बनाया है। वार्ड संख्या 19 के पार्षद कैलास पंडित और विजय भगत के नाम एवं प्रोफाइल फोटो का दुरुपयोग कर ठग लोगों को आर्थिक सहायता के नाम पर जाल में फंसाने का प्रयास कर रहे हैं। घटना सामने आने के बाद नगर क्षेत्र में चिंता का माहौल है।मंगलवार सुबह से ही दोनों के मोबाइल नंबरों से विभिन्न व्हाट्सएप ग्रुपों तथा निजी नंबरों पर संदिग्ध संदेश भेजे जाने लगे। संदेशों के साथ एक एपीके फाइल और गंभीर रूप से घायल उंगली की तस्वीर साझा की गई। इसके जरिए लोगों को यह विश्वास दिलाने की कोशिश की गई कि किसी आपात स्थिति में तत्काल पैसों की आवश्यकता है।साइबर अपराधी लोगों से पांच हजार रुपये की सहायता मांग रहे हैं। इसके लिए “श्री राम स्टोर” नाम से पंजीकृत एक क्यूआर कोड भी भेजा जा रहा है, जिसमें राशि जमा करने का अनुरोध किया गया है। ठग यह भी दावा कर रहे हैं कि उधार ली गई रकम अगले ही दिन वापस कर दी जाएगी। इस तरह भावनात्मक दबाव बनाकर लोगों को ठगी का शिकार बनाने की कोशिश की जा रही है।जानकारी के अनुसार, अपराधी कभी दुर्घटना तो कभी आर्थिक संकट का बहाना बनाकर लोगों का भरोसा जीतने का प्रयास कर रहे हैं। साथ ही संदिग्ध लिंक और फाइलें भेजकर मोबाइल फोन की निजी जानकारी, बैंकिंग डाटा और अन्य महत्वपूर्ण सूचनाएं हासिल करने की साजिश भी रची जा रही है।घटना की जानकारी मिलते ही पार्षद कैलास पंडित और विजय भगत ने नागरिकों, समर्थकों एवं परिचितों से सतर्क रहने की अपील की है। उन्होंने स्पष्ट कहा है कि उनके नाम से आने वाले किसी भी पैसे मांगने वाले संदेश, लिंक या फाइल पर भरोसा न करें। किसी भी आर्थिक लेन-देन से पहले संबंधित व्यक्ति से सीधे फोन पर संपर्क कर सत्यता की जांच अवश्य कर लें।मामले की गंभीरता को देखते हुए कैलास पंडित ने मिहिजाम थाना में लिखित शिकायत दर्ज कर कार्रवाई की मांग की है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। वहीं, घटना के बाद मिहिजाम के विभिन्न व्हाट्सएप ग्रुपों के एडमिन सतर्क हो गए हैं और सुरक्षा के मद्देनजर दोनों नंबरों को समूहों से हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
मिहिजाम के पार्षद एवं नागरिक का व्हाट्स ऐप हैक, व्हाट्सएप से भेजे जा रहे मदद के नाम पर फर्जी संदेश
