न्यूज 61 लाइव संवाददाता काजल राय चौधरी 25 अक्टूबर जामताड़ा। झारखंड राज्य के गठन के लिए संघर्ष करने वाले आंदोलनकारियों के अधिकारों और सम्मान की रक्षा के लिए संगठन अब जमीनी स्तर पर अपनी सक्रियता बढ़ाएगा। आंदोलनकारियों की समस्याओं को प्रशासन और सरकार के समक्ष प्रभावी ढंग से रखने के उद्देश्य से रविवार को जामताड़ा गांधी मैदान में झारखंड अलग राज्य आंदोलनकारी जिला समिति की बैठक हुई। जिला अध्यक्ष मनोरथ मरांडी की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में संगठन के विस्तार और आंदोलनकारियों को न्याय दिलाने की रणनीति पर चर्चा की गई।बैठक में जामताड़ा प्रखंड समिति का पुनर्गठन करते हुए मैनेजर मुर्मू को अध्यक्ष बनाया गया। ज्ञानेश्वर हेमराम को उपाध्यक्ष, हेमंत मुर्मू को सचिव और सोनाराम बेसरा को सह सचिव की जिम्मेदारी सौंपी गई। वहीं, जावेद कलाम को कोषाध्यक्ष तथा जमाल अंसारी को जनसंपर्क सचिव नियुक्त किया गया। महिला एवं पुरुष सदस्यों समेत 12 लोगों को प्रखंड समिति में शामिल किया गया।जिला समिति के उपाध्यक्ष रॉबिन मिर्धा ने कहा कि झारखंड का अलग राज्य बनना आंदोलनकारियों के संघर्ष, त्याग और बलिदान का परिणाम है। उनके योगदान को भुलाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि आंदोलनकारियों के अधिकारों की रक्षा और उन्हें सम्मान दिलाना संगठन के साथ पूरे समाज की जिम्मेदारी है। इसके लिए गांव और प्रखंड स्तर पर संगठन को सशक्त बनाना जरूरी है।बैठक में सुशील पंडित को न्याय दिलाने के लिए भी एकजुट होकर प्रयास करने की अपील की गई। वक्ताओं ने कहा कि संगठन की मजबूती तभी सार्थक होगी, जब आंदोलनकारियों की समस्याओं के समाधान के लिए ठोस पहल की जाएगी।संगठन का विस्तार आगे बढ़ाते हुए 31 अक्टूबर को नारायणपुर प्रखंड समिति का विस्तार किया जाएगा। बैठक में आनंद सोरेन, राजेंद्र टुडू, नरेश मिर्धा, सहोदी मुर्मू, जियामणि, माली टुडू, अरुण मोहाली, सुंदरी मुर्मू, पार्वती बास्की, निर्मल हेंब्रम, सनातन मुर्मू और सुधीर टुडू सहित कई सदस्य उपस्थित थे। अनिल सोरेन, जितेन हांसदा, रोहिणी मरांडी, बोडो सोरेन, मंगल सोरेन और भारत हेमराम समेत अन्य लोगों ने भी भाग लिया। सभी ने आंदोलनकारियों के हक और सम्मान के लिए संगठित होकर संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया।
झारखंड आंदोलनकारियों के अधिकारों की लड़ाई होगी तेज, प्रखंड स्तर पर संगठन मजबूत करने की पहल
