न्यूज 61 लाइव संवाददाता काजल राय चौधरी 23 सितंबर जामताड़ा। ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को उनके कानूनी अधिकारों और उपलब्ध विधिक सहायता से परिचित कराने के उद्देश्य से बुधवार को बुधुडीह गांव में न्याय रथ के माध्यम से विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली और झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, रांची के मार्गदर्शन में जिला विधिक सेवा प्राधिकार, जामताड़ा की ओर से किया गया।कार्यक्रम में LADC डिप्टी चीफ उत्तम कुमार ने ग्रामीणों को विभिन्न कानूनी प्रावधानों और निःशुल्क विधिक सेवाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आर्थिक या सामाजिक रूप से कमजोर होने के कारण किसी व्यक्ति को न्याय पाने से वंचित नहीं रहना चाहिए। जरूरतमंद पात्र लोगों को विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से निःशुल्क कानूनी सहायता उपलब्ध कराई जाती है।उन्होंने ग्रामीणों को NALSA ASHA Scheme, 2025, Legal Services to Road Accident Victims Scheme, 2024, NALSA DAWN, 2025 और SAMVAD Scheme के उद्देश्यों तथा इनके तहत मिलने वाली सहायता के बारे में विस्तार से बताया। सड़क दुर्घटना के मामलों में पीड़ितों और उनके परिजनों को मिलने वाली कानूनी सहायता तथा सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया पर भी विशेष रूप से चर्चा की गई।कार्यक्रम में PLV शिवनाथ मंडल, आर्यन अंसारी, सुमन टुडू और आनंद महतो ने भी ग्रामीणों को विधिक सेवाओं के प्रति जागरूक किया। उन्होंने लोगों से अपील की कि किसी कानूनी परेशानी में घबराने के बजाय जिला विधिक सेवा प्राधिकार से संपर्क कर सहायता प्राप्त करें।न्याय रथ के जरिए ग्रामीणों के बीच सीधे पहुंचकर कानून से जुड़ी जानकारी साझा की गई। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए और उन्होंने विभिन्न विधिक योजनाओं तथा निःशुल्क कानूनी सहायता से संबंधित जानकारी प्राप्त की। अधिकारियों ने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों का उद्देश्य गांव-गांव तक न्याय और कानूनी जागरूकता की पहुंच मजबूत करना है।
बुधुडीह पहुंचा न्याय रथ, ग्रामीणों को मिली कानूनी अधिकारों और सरकारी विधिक योजनाओं की जानकारी

