न्यूज 61 लाइव संवाददाता काजल मित्रा 26 अगस्त मोहानपुर/आसनसोल। वेतन भुगतान में देरी, कार्यस्थल पर सुरक्षा व्यवस्था की कमी और मूलभूत सुविधाएं नहीं मिलने का आरोप लगाते हुए मोहनपुर कोलियरी के श्रमिकों ने बुधवार को काम बंद कर विरोध प्रदर्शन किया। आंदोलन में टिपर चालक, हेल्पर समेत कई खदान कर्मी शामिल हुए। श्रमिकों का कहना है कि पिछले करीब डेढ़ वर्ष से उन्हें लगातार समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।प्रदर्शनकारी मजदूरों के मुताबिक उन्हें नियमित रूप से वेतन नहीं दिया जाता और करीब दो-दो महीने के अंतराल पर भुगतान किया जाता है। हेल्परों को लगभग 7 से 8 हजार रुपये तथा चालकों को 15 से 16 हजार रुपये मजदूरी मिलने का दावा किया गया। श्रमिकों ने आरोप लगाया कि स्थानीय कामगारों को बाहरी श्रमिकों की तुलना में कम भुगतान किया जा रहा है।श्रमिकों ने खदान में सुरक्षा और सुविधाओं की स्थिति पर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि प्राथमिक उपचार की व्यवस्था, पीएफ, ईएसआई और पहचान पत्र जैसी सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं। वाहन खड़ा करने के लिए शेड, बारिश और धूप से बचने की जगह, पेयजल तथा आवागमन की समुचित व्यवस्था भी नहीं होने का आरोप लगाया गया।मजदूरों का दावा है कि बारिश के कारण काम पर नहीं पहुंचने पर दो दिनों की हाजिरी काट ली जाती है। रविवार और राष्ट्रीय अवकाश के दिन का भुगतान नहीं मिलने के साथ पूर्व में दो दिन के रेस्ट और कई कर्मचारियों की एक-दो दिन की मजदूरी भी काटे जाने की शिकायत है।श्रमिकों ने बताया कि रात से ही काम बंद है। प्रबंधन के आने की सूचना के बावजूद बुधवार सुबह तक कोई अधिकारी बातचीत के लिए नहीं पहुंचा। मजदूरों ने खदान संचालक कंपनी महागौरी और मालिक अरविंद सिंह से तत्काल वार्ता कर समस्याओं का समाधान करने की मांग की है।श्रमिकों ने चेतावनी दी कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस पहल नहीं होती, तब तक काम बंद रहेगा। हालांकि, मामले में कंपनी के किसी अधिकारी अथवा ईसीएल प्रबंधन का पक्ष सामने नहीं आया है।
डेढ़ साल से वेतन संकट और सुरक्षा की अनदेखी का आरोप, मोहनपुर कोलियरी में श्रमिकों ने रोका काम

