न्यूज 61 लाइव संवाददाता काजल राय चौधरी 26 अगस्त जामताड़ा। पैगंबर हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम के जन्मदिवस के अवसर पर बुधवार को जामताड़ा शहर में जुलूस-ए-मोहम्मदी का भव्य आयोजन हुआ। शहर के सरखेलडीह, पाकड़ी समेत आसपास के दर्जनों गांवों और विभिन्न मोहल्लों से बड़ी संख्या में अकीदतमंद जुलूस में शामिल हुए। नात और धार्मिक नारों से शहर की गलियां और सड़कें गूंजती रहीं।अलग-अलग इलाकों से निकले जुलूस शहर में एकत्र हुए और निर्धारित मार्गों से गुजरते हुए नगर का भ्रमण किया। इस दौरान लोगों में धार्मिक उत्साह और उमंग का माहौल देखने को मिला। जुलूस में शामिल अकीदतमंदों ने पैगंबर साहब की शान में नात पेश करते हुए प्रेम, भाईचारे, आपसी सम्मान और सामाजिक सौहार्द का संदेश दिया।जुलूस के दौरान राजबाड़ी कमेटी की ओर से श्रद्धालुओं के लिए शरबत और खजूर की व्यवस्था की गई थी। कई स्थानों पर स्थानीय लोगों ने जुलूस का स्वागत किया। आयोजन को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन और पुलिस की ओर से व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। बीडीओ अबिश्वर मुर्मू और थाना प्रभारी मनोज कुमार महतो पुलिस बल के साथ लगातार स्थिति पर नजर बनाए रहे।इमाम मौलाना अख्तर राजा ने कहा कि पैगंबर साहब की पैदाइश का दिन पूरी दुनिया के मुसलमानों के लिए खुशी का अवसर है। जुलूस के माध्यम से लोगों तक प्रेम और सौहार्द का संदेश पहुंचाया गया। उन्होंने प्रशासन के सहयोग के लिए आभार जताया।झामुमो नेता लालू अंसारी ने कहा कि जामताड़ा लंबे समय से हिंदू-मुस्लिम एकता और गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल रहा है। जसीम अंसारी ने भी कहा कि पैगंबर साहब ने इंसानियत, आपसी सम्मान और भाईचारे की शिक्षा दी। जुलूस के बाद रात में मिलादुन्नबी कार्यक्रम की तैयारी है।
जामताड़ा में उमड़ा आस्था का सैलाब, जुलूस-ए-मोहम्मदी ने दिया एकता और भाईचारे का पैगाम

