अंतिम यात्रा भी बदहाल रास्ते की मोहताज, 200 मीटर सड़क के लिए वर्षों से इंतजार में मुक्तिधाम

न्यूज 61 लाइव संवाददाता काजल राय चौधरी 8 सितंबर जामताड़ा। विकास और बुनियादी सुविधाओं को लेकर किए जा रहे दावों के बीच जामताड़ा प्रखंड के गोपालपुर पंचायत स्थित अजय नदी घाट का मुक्तिधाम बदहाली की तस्वीर पेश कर रहा है। मुख्य सड़क से मुक्तिधाम तक पहुंचने के लिए करीब 200 मीटर रास्ता वर्षों से पक्की सड़क का इंतजार कर रहा है। कच्चा और गड्ढों से भरा यह मार्ग बारिश के मौसम में कीचड़ से पट जाता है, जिससे शवयात्रा में शामिल लोगों को काफी परेशानी होती है।बारिश के बाद रास्ते की हालत इतनी खराब हो जाती है कि पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है। शव को अंतिम संस्कार के लिए ले जाने के दौरान परिजनों और अन्य लोगों को कीचड़ व गड्ढों के बीच सावधानी से आगे बढ़ना पड़ता है। कई जगह फिसलने का खतरा बना रहता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जिस स्थान पर लोग अपने प्रियजनों को अंतिम विदाई देने पहुंचते हैं, वहां तक पहुंचने का रास्ता भी सुगम नहीं होना प्रशासनिक संवेदनशीलता पर सवाल खड़ा करता है।स्थानीय समाजसेवियों के मुताबिक मुक्तिधाम परिसर में पेयजल और साफ-सफाई जैसी आवश्यक सुविधाओं की भी कमी है। अंतिम संस्कार के दौरान घंटों रुकने वाले लोगों को पानी के लिए परेशान होना पड़ता है। नियमित सफाई नहीं होने से परिसर की स्थिति भी चिंताजनक बनी रहती है।जामताड़ा चेंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष संजय अग्रवाल, समाजसेवी सह झामुमो नेत्री चमेली देवी, समाजसेवी सह भाजपा नेता अंगभूती झा और सतसाल निवासी समाजसेवी जयंत कुमार महतो समेत स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तत्काल पहल की मांग की है। उनका कहना है कि केवल 200 मीटर पहुंच पथ का निर्माण कोई बड़ी परियोजना नहीं है, फिर भी समस्या वर्षों से बनी हुई है।लोगों ने पक्की सड़क, पेयजल और नियमित सफाई की व्यवस्था कराने की मांग करते हुए कहा कि जल्द समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा। स्थानीय लोगों का कहना है कि जिस रास्ते से अंतिम विदाई के लिए लोग गुजरते हैं, उसका सुगम होना भी प्रशासन की प्राथमिकता में शामिल होना चाहिए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *